SHIVPURI NEWS : सर्चिंग में दो बार नकल करते पकड़ा गया था परीक्षार्थी, तीसरी बार टेप से शरीर पर चिपका लाया नकल सामग्री

शिवपुरी। बोर्ड परीक्षाओं के क्रम में सोमवार को जिले के संवेदनशील खोड़ के संत श्रीकैलाशगिरी उमावि परीक्षा केन्द्र पर केन्द्राध्यक्ष और पर्यवेक्षक की सजगता से एक परीक्षार्थी को नकल सामग्री से नकल करते हुए रंगे हाथों दबोचने में सफलता मिली है और उसके विरूद्ध नकल प्रकरण भी दर्ज कर लिया गया है।

जिस परीक्षार्थी के विरूद्ध नकल प्रकरण दर्ज किया गया है वह उक्त केन्द्र के कक्ष क्रमांक 10 में अनुक्रमांक 241636065 पर नामांकित परीक्षार्थी था। इस साल बोर्ड परीक्षाओं के दौरान यह पहला नकल प्रकरण सामने आया है। खोड़ के जिस परीक्षा केंद्र पर पर्यवेक्षक द्वारा परीक्षार्थी को नकल करते दबोचा गया है।

बताया जाता है कि कक्ष में प्रवेश से पहले केंद्राध्यक्ष व उनकी टीम सर्चिंग के दौरान भी उक्त परीक्षार्थी से नकल सामग्री जब्त की गई थी। बीच में लघुशंका के लिए जाने के बाद लौटने पर सर्चिंग की गई तो फिर नकल सामग्री मिली, जिसे जब्त किया गया।

तीसरी बार जब शंका हुई और कक्ष में उक्त परीक्षार्थी की पुन: तलाशी ली गई तो शरीर सैलो टैप से चिपकी नकल सामग्री जब्त की गई और छात्र नकल की पर्ची से नकल करते भी मिला, जिस पर प्रकरण पंजीबद्ध किया गया। खोड़ के कुछ केंद्रों पर केंद्रों के बाहर भारी भीड़ जमा होने की शिकायत भी सोमवार को केंद्राध्यक्षों ने लिखित तौर पर भी की है।

अधिकारियों ने अगले प्रश्न पत्र में अतिरिक्त पुलिस बल सहित केंद्रों पर निरीक्षण का अतिरिक्त अमला भी तैनात करने की बात कही है। बता दें कि खोड़ में चार परीक्षा केन्द्र हैं और यहां विभागीय व प्रशासनिक उडऩदस्ते लगातार निगरानी रखे हुए हैं। सोमवार को तहसीलदार, एसडीओपी ने भी केन्द्रों का मुआयना किया।

केन्द्रों के बाहर एकत्रित होने वाली भीड़ पर अंकुश लगाने के लिए मंगलवार से अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया जा रहा है। इधर शिक्षा विभाग भी अतिरिक्त तौर पर स्थाई पैनल भी नियुक्त करेगा। सोमवार को हायर सेकेण्डरी के पाँच महत्वपूर्ण विषय के प्रश्रपत्र 67 परीक्षा केन्द्रों पर आयोजित किया गया था जिसमें फिजिक्स, अर्थशास्त्र, कृषि संकाय के एनीमल हसवेंड्री मिल्क ट्रेड पोल्ट्रीफार्मिंग एण्ड फिसरीज, विज्ञान के तत्व व भारतीय कला का इतिहास विषय शामिल थे। परीक्षा प्रभारी वत्सराज सिंह राठौड़ ने बताया कि उक्त परीक्षा में कुल 16 हजार 20 परीक्षार्थी नामांकित थे जिनमें से 15 हजार 571 परीक्षा देने पहुंचे जबकि 449 गैरहाजिर रहे। सबसे ज्यादा 121 परीक्षार्थी पिछोर के परीक्षा केन्द्रों पर गैरहाजिर रहे।

डीईओ ने शहर, डीपीसी ने कोलारस तो क्रीड़ा अधिकारी ने खनियांधाना के केन्द्र देखे

सोमवार को भी शिक्षा विभाग के उड़नदस्तों ने शहर से लेकर अंचल तक के परीक्षा केन्द्रों का आकस्मिक निरीक्षण किया। जिला शिक्षा अधिकारी समर सिंह राठौड़ ने शहर के मॉडल उमावि सीएम राइज, अशासकीय हैप्पीडेज, बाल शिक्षा निकेतन, उमावि व्हीटीपी, उमावि क्रमांक 2, उत्कृष्ट उमावि क्रमांक 1 एवं कन्या उमावि कोर्ट रोड केन्द्र का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए। वहीं डीपीसी विवेक श्रीवास्तव ने कोलारस के मॉडल स्कूल, कन्या उमावि, सरस्वती शिशु मंदिर व सीएम राइज परीक्षा केन्द्र का निरीक्षण किया तो वहीं जिला क्रीड़ा अधिकारी चंद्रशेखर बेमटे की टीम ने खनियांधाना के मॉडल उमावि अशासकीय नंदीश्वर, कन्या उमावि, बालक उमावि सहित उमावि बामौरकलां व मावि बामौरकलां परीक्षा केन्द्र का निरीक्षण किया।

छात्रा हुई बेहोश,डीईओ ने एम्बुलेंस से उपचार के लिए भिजवाया

इधर परीक्षा के दौरान शहर के उमावि क्रमांक 2 परीक्षा केन्द्र पर परीक्षा शुरू होने के कुछ देर बाद एक छात्रा की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वह बेहोश हो गई। केन्द्र पर तैनात अमले ने तत्काल जिला शिक्षा अधिकारी को जानकारी दी । जिस पर डीईओ राठौड़ ने तत्परता के साथ 108 एम्बुलेंस को सूचना दी और छात्रा को एम्बुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत ठीक होने पर छात्रा पुन: परीक्षा केन्द्र पर लौटी। डीईओ ने खुद केन्द्र पर पहुंचकर बीमार हुई छात्रा का हालचाल जाना। जिला शिक्षा अधिकारी ने सभी परीक्षार्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा के दौरान अत्यधिक तनाव न लें और अपने खानपान और स्वास्थ्य का भी विशेष ध्यान रखें।

केन्द्राध्यक्ष का सहयोग न करने पर कन्या कोर्ट रोड की प्राचार्य गुप्ता को नोटिस

सोमवार को डीईओ ने शहर के कन्या उमावि कोर्ट रोड की प्राचार्य प्रेमलता गुप्ता को केन्द्राध्यक्ष का सहयोग न करने पर नोटिस जारी कर जबाव तलब किया है। डीईओ ने सोमवार को उक्त केन्द्र का निरीक्षण किया था जहां पाया गया कि मंडल द्वारा परीक्षा हेतु दिए गए संसाधन कम्प्यूटर, फोटोकॉपी मशीन प्राचार्य द्वारा इंस्टाल करवाकर केन्द्राध्यक्ष को नहीं सौपे गए। परीक्षा संचालन हेतु कक्ष भी उपलब्ध नहीं कराए गए व कक्षों की मंडल निर्देशानुसार व्यवस्था नहीं की गई जिससे केन्द्राध्यक्ष का सहयोग न किया जाना प्रदर्शित होता है। इस मामले में प्राचार्य को तत्काल केन्द्राध्यक्ष का आवश्यक सहयोग करने के निर्देश देते हुए जबाव तलब किया है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि प्रतिकूल स्थिति पाए जाने पर वरिष्ठ कार्यालय को कारवाई के लिए लिखा जाएगा।

2024-02-13T07:57:34Z dg43tfdfdgfd